बड़वानी जिले की ग्राम पंचायत तलून स्थित खेल स्टेडियम में विश्व सिकल सेल दिवस पर राज्य स्तरीय कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस विशेष अवसर पर कार्यक्रम की अध्यक्षता मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने की, जबकि राज्यपाल मंगुभाई पटेल मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम का उद्देश्य सिकल सेल रोग के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाना, स्क्रीनिंग को प्रोत्साहन देना और 2047 तक सिकल सेल उन्मूलन के लक्ष्य की दिशा में ठोस कदम उठाना रहा।
नई पहल का शुभारंभ: जागरूकता से समाधान की ओर
कार्यक्रम के दौरान तीन प्रमुख पहलों की शुरुआत की गई:
- जेनेटिक काउंसलिंग जागरूकता वीडियो
- गर्भवती महिलाओं के लिए विशेष दिशा-निर्देश मॉड्यूल
- “सिकल सेल मित्र” पहल
इन प्रयासों का उद्देश्य आमजन, विशेषकर ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्रों में रह रही महिलाओं को बीमारी के लक्षण, सावधानियों और इलाज के विकल्पों के बारे में जागरूक करना है।
100% स्क्रीनिंग करने वाली पंचायतों को मिलेगा सम्मान
राज्य सरकार द्वारा उन पंचायतों को विशेष रूप से सम्मानित किया जाएगा, जिन्होंने लक्षित आयु वर्ग की 100% सिकल सेल स्क्रीनिंग पूरी कर ली है। यह पहल ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाओं की सक्रियता और जागरूकता में योगदान देने वालों को प्रोत्साहित करेगी।
33 जिलों में होंगे विशेष परामर्श एवं स्क्रीनिंग शिविर
प्रदेश के 33 जिलों में एक साथ विशेष सिकल सेल स्क्रीनिंग और परामर्श शिविर लगाए जाएंगे। इनमें निम्न सेवाएं उपलब्ध होंगी:
- आनुवंशिक परामर्श (Genetic Counseling)
- रोग प्रबंधन के उपाय
- आवश्यक चिकित्सकीय सुविधाओं की जानकारी और सहायता
अब तक 1.06 करोड़ से अधिक की स्क्रीनिंग, हज़ारों रोगी चिन्हित
राज्य में अब तक 1.06 करोड़ से अधिक नागरिकों की सिकल सेल स्क्रीनिंग की जा चुकी है, जिनमें:
- 2 लाख से अधिक वाहक (Carriers)
- 29,277 रोगी (Confirmed Patients) चिन्हित किए गए हैं।
यह भारत के किसी भी राज्य द्वारा सिकल सेल स्क्रीनिंग में अब तक की सबसे बड़ी उपलब्धियों में से एक है।
निःशुल्क इलाज और सुविधाएं उपलब्ध
सिकल सेल रोगियों को राज्य सरकार द्वारा निःशुल्क स्वास्थ्य सुविधाएं दी जा रही हैं:
- हाइड्रॉक्सीयूरिया दवा
- वैक्सीनेशन की सुविधा
- निःशुल्क रक्ताधान (Blood Transfusion)
इन प्रयासों से रोगियों की जीवन गुणवत्ता में सुधार आ रहा है।
विशेष चिकित्सा सुविधाएं: इंदौर व रीवा में सेंटर
- इंदौर मेडिकल कॉलेज में बोनमेरो ट्रांसप्लांट यूनिट स्थापित की गई है।
- रीवा में “सेंटर ऑफ एक्सीलेंस” कार्यरत है जो सिकल सेल से संबंधित मामलों में विशेष उपचार और मार्गदर्शन प्रदान करता है।
2047 तक सिकल सेल उन्मूलन का लक्ष्य
राज्य सरकार ने वर्ष 2047 तक सिकल सेल रोग के पूर्ण उन्मूलन का महत्वाकांक्षी लक्ष्य निर्धारित किया है। इसके लिए स्क्रीनिंग, परामर्श, जन-जागरूकता और इलाज के स्तर पर लगातार योजनाएं क्रियान्वित की जा रही हैं।
PUBLICFIRSTNEWS.COM
