काशी के मणिकर्णिका घाट स्थित मढ़ी मंदिर के क्षतिग्रस्त होने के बाद इस मुद्दे पर काशी से लेकर इंदौर तक विरोध देखने को मिल रहा है। शुक्रवार को भाजपा विधायक नीलकंठ तिवारी मणिकर्णिका घाट पहुंचे और करीब दो घंटे तक मौके की स्थिति का जायजा लिया। निरीक्षण के बाद उन्होंने कहा कि किसी भी मंदिर की मूर्ति को नुकसान नहीं पहुंचा है और विपक्ष इस मामले को राजनीतिक मुद्दा बनाकर वीडियो वायरल कर रहा है।

विधायक नीलकंठ तिवारी ने स्पष्ट किया कि अहिल्याबाई की जिस मूर्ति को हटाया गया है, वह मढ़ी पर ड्रिलिंग के दौरान उत्पन्न वाइब्रेशन के कारण प्रभावित हुई थी। उन्होंने बताया कि सभी मूर्तियों को संस्कृति विभाग द्वारा सुरक्षित रखा गया है और इन्हें दोबारा स्थापित किया जाएगा।

इस बीच शनिवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ स्वयं काशी पहुंचे। मणिकर्णिका घाट को लेकर उन्होंने कहा कि काशी को बदनाम करने की साजिश रची जा रही है और तथ्यों को तोड़-मरोड़ कर पेश किया जा रहा है।

वहीं स्थानीय लोगों का कहना है कि वे विकास के खिलाफ नहीं हैं, लेकिन अगर विकास के नाम पर काशी की धार्मिक और सांस्कृतिक विरासत को नुकसान पहुंचाया जाएगा, तो उसका पुरजोर विरोध किया जाएगा।

PUBLICFIRSTNEWS.COM

Share.
Leave A Reply