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Author: Public First News
पब्लिक फर्स्ट । सत्य दर्शन । आशुतोष । HIGHLIGHTS FIRST : द कैस्केड इफ़ेक्ट (Cascade Effect): कैसे एक मामूली, गैर-ज़रूरी ब्लड टेस्ट आपको अनचाही रिपोर्टों, अंतहीन जाँचों और मानसिक तनाव के ऐसे दलदल में धकेल देता है जहाँ से निकलना नामुमकिन हो जाता है। सुई के छिपे हुए शारीरिक और मानसिक नुक़सान: केवल दर्द या नील (Bruising) ही नहीं, बल्कि बच्चों में स्थायी एंग्जायटी और बार-बार टेस्ट से एनीमिया (Anemia) का डॉक्युमेंटेड खतरा। सिंडिकेट का ‘लूप होल्ड’: डॉक्टरों और डायग्नोस्टिक सेंटर्स का वह तंत्र जहाँ ‘नॉर्मल’ रेंज को इस तरह बदला जा रहा है कि हर स्वस्थ व्यक्ति खुद को…
लेखक: आशुतोष (महाकाल–महाकाली पुत्र) — Public First | विशेष खोजी आलेख HIGHLIGHTS FIRST : द टाइम-इल्यूजन लूप: कलियुग की जो भविष्यवाणियाँ सैकड़ों वर्ष पहले लिख दी गईं, वे कोई ‘दिव्य दर्शन’ नहीं बल्कि चेतना को एक पूर्व-निर्धारित टाइम-मैट्रिक्स में कैद करने की आनुवंशिक कोडिंग (Genetic Coding) थीं। द लूस हार्वेस्टिंग सिंडिकेट (Loosh Harvesting): कैसे अवतारवाद, मसीहावाद और धार्मिक पाठ्यपुस्तकों के ज़रिए मानव को यह सिखाया गया कि वह अक्षम है, ताकि उसके कष्ट, भय और अवसाद से ‘लूस’ (भावनात्मक ऊर्जा) को हार्वेस्ट किया जा सके। अग्निलिंग का आदि-सत्य: संपूर्ण ब्रह्मांड में केवल मानव देह (अग्निलिंग) ही वह विग्रह है जहाँ…
मध्यप्रदेश में मोहन सरकार के ढाई साल पूरे होने से पहले बीजेपी संगठन और सरकार दोनों चुनावी मोड में नजर आ रहे हैं। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने रविवार को सीएम हाउस में 20 मंत्रियों के साथ वन-टू-वन बैठक कर सरकार, संगठन और चुनावी तैयारियों का बड़ा रिव्यू लिया। बैठक में हारी हुई विधानसभा सीटों, निकाय और पंचायत चुनाव की तैयारी, बूथ मैनेजमेंट और विभागीय कामकाज पर विस्तार से चर्चा हुई। खास बात यह रही कि मंत्रियों से सिर्फ उनके विभागों का ही नहीं, बल्कि प्रभार वाले जिलों की राजनीतिक स्थिति का भी फीडबैक लिया गया। बैठक में बीजेपी के…
भारत का राष्ट्र-चेतना-विमर्श केवल राजनीतिक संघर्ष की कहानी नहीं; यह समाज की आत्मा, संस्कृति और संगठन को पुनर्जीवित करने की एक सदी-लंबी प्रक्रिया है। इस पुनर्जागरण के दो अनिवार्य स्तंभ—डॉ. केशवराव बलिराम हेडगेवार और प.पू. श्री गुरुजी माधवराव गोलवलकर—ने इस प्रक्रिया को वैचारिक गहराई, संगठनात्मक दिशा और दीर्घकालिक दृष्टि प्रदान की। दोनों की राष्ट्र-दृष्टि का मूल केंद्र था—एक संगठित, संस्कारित और आत्म-सम्मान से सम्पन्न समाज का निर्माण, जो विश्व-मानवता के लिए भी एक नैतिक विकल्प प्रस्तुत कर सके। स्वराज्य का वास्तविक अर्थ : डॉ. हेडगेवार का मूल दृष्टिकोण डॉ. हेडगेवार का राजनीतिक प्रवास कांग्रेस से आरम्भ हुआ। 1916–1920 के बीच…
विधिक एवं वैचारिक अस्वीकरण (Legal & Philosophical Disclaimer) अस्वीकरण:यह लेख प्राचीन भारतीय पौराणिक ग्रंथों (शिव पुराण, विष्णु पुराण, भागवत पुराण), जेनेटिक्स, बायो-फिजिक्स, इजिप्शियन नृवंशविज्ञान (Ethnography) और वैश्विक भू-राजनीति के तुलनात्मक विश्लेषण पर आधारित एक खोजी निबंध है। इसमें प्रस्तुत विचार आलोचनात्मक विमर्श और प्रतीकात्मक वैज्ञानिक व्याख्या के रूप में रखे गए हैं। इसका उद्देश्य किसी भी संप्रदाय, धर्म या वैज्ञानिक संस्था की भावनाओं को आहत करना नहीं, बल्कि प्राचीन प्रतीकों को आधुनिक विज्ञान के चश्मे से डिकोड करना और जन-जागरूकता फैलाना है। यह लेख प्राचीन वैवस्वत और प्रजापति वंशावलियों, दार्शनिक सिद्धांतों, समकालीन जैव-तकनीकी विमर्श और वैकल्पिक इतिहास की एक खोजी…
मुख्य बिंदु : अभाव का सच: पानी, अनाज और तेल की कृत्रिम कमी का महाषड्यंत्र — प्रमाणित प्रकृति के पास सब कुछ है — फिर भी दुनिया तरस रही है। क्यों? भूमिका — एक प्रश्न जो सब कुछ बदल देता है पृथ्वी पर — यह संयोग नहीं है। यह अभाव का वह रहस्य है जिसे समझना हर नागरिक के लिए जरूरी है। भाग 1 — अभाव क्या है? दो प्रकार प्राकृतिक अभाव सूखा, बाढ़, भूकंप — यह वास्तविक है। इसमें कोई षड्यंत्र नहीं। कृत्रिम अभाव संसाधन है — लेकिन पहुँचने नहीं दिया जाता।उत्पादन है — लेकिन नष्ट किया जाता है।तकनीक…
देहात थाना क्षेत्र में अवैध गतिविधियों और पुलिस की कार्यप्रणाली पर उठे सवाल शिवपुरी के पुरानी शिवपुरी स्थित बजरिया मोहल्ले में कथित रूप से देह व्यापार संचालित होने और पुलिस पर संरक्षण देने के गंभीर आरोप सामने आए हैं। मामले में कुछ महिलाओं ने मारपीट, धमकी और पुलिस द्वारा उचित कार्रवाई नहीं किए जाने की शिकायत की है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि क्षेत्र में लंबे समय से अवैध गतिविधियां संचालित हो रही हैं, जिनमें कुछ कथित दलाल और असामाजिक तत्व शामिल हैं। आरोप है कि इन गतिविधियों को स्थानीय स्तर पर संरक्षण मिलने के कारण यह धंधा लगातार…
कोरबा के लेमरू में खुशियों का दिन, मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की मौजूदगी में हुआ गृह प्रवेश छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले के लेमरू गांव से एक भावुक और प्रेरणादायक तस्वीर सामने आई है, जहां वर्षों तक कच्चे मकान में कठिन परिस्थितियों में जीवन बिताने वाले धरम सिंह जी के परिवार का पक्के घर का सपना आखिरकार पूरा हो गया। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत बने नए घर में परिवार का गृह प्रवेश कराया गया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की उपस्थिति ने इस पल को और भी खास बना दिया। धरम सिंह जी का परिवार लंबे…
संगठन मजबूती और चुनावी रणनीति पर मंथन, बस्तर संभाग के कई दिग्गज नेता पहुंचे कांकेर में भारतीय जनता पार्टी का दो दिवसीय जिला प्रशिक्षण वर्ग सोमवार से शुरू हो गया। कार्यक्रम का आयोजन होटल बाफना लॉन में किया गया, जहां भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं का जमावड़ा देखने को मिला। कार्यक्रम का शुभारंभ भाजपा प्रदेश अध्यक्ष किरण सिंह देव ने दीप प्रज्वलित कर किया। इस दौरान संगठन की मजबूती, आगामी चुनावों की रणनीति और कार्यकर्ताओं की भूमिका को लेकर विस्तृत चर्चा की गई। प्रशिक्षण वर्ग में सांसद भोजराज नाग, विधायक आशाराम नेताम तथा अंतागढ़ विधायक विक्रम उसेंडी सहित बस्तर संभाग के…
– कृष्णमोहन झा इतिहास हमेशा शोर नहीं करता, कई बार वह सदियों तक मौन रहकर केवल प्रतीक्षा करता है।प्रतीक्षा उस क्षण की, जब सत्य स्वयं दस्तावेजों से निकलकर वर्तमान के सम्मुख खड़ा हो जाए। धार की भोजशाला सदियों से ऐसी ही प्रतीक्षा में थी—अपनी पहचान की, अपने सम्मान की और अपने पुनर्स्मरण की।माननीय उच्च न्यायालय का निर्णय केवल एक न्यायिक आदेश नहीं है, यह उन पीढ़ियों के धैर्य, आस्था और संघर्ष का प्रतिफल है जिन्होंने मां सरस्वती की इस भूमि को अपनी सांस्कृतिक चेतना का केंद्र मानकर वर्षों तक शांतिपूर्ण संघर्ष किया। यह निर्णय उन पत्थरों की मौन पीड़ा का…